दिल्ली में मतदाता सूची पुनरीक्षण के दौरान 24 लाख मामलों का निपटारा, मुख्य निर्वाचन अधिकारी अशोक कुमार ने दी जानकारी

Election Commission of India _ ECI

नई दिल्ली: दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी अशोक कुमार ने बताया है कि राष्ट्रीय राजधानी में चल रहे विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision – SIR) अभियान के दौरान मतदाताओं से संबंधित विसंगतियों और नॉन-मैपिंग के लगभग 33 लाख मामलों में से करीब 24 लाख मामलों का निपटारा कर दिया गया है। शेष मामलों को अगले सात से आठ दिनों में हल किए जाने की उम्मीद है।

अशोक कुमार के अनुसार, पुनरीक्षण की गणना प्रक्रिया के दौरान दिल्ली की मतदाता सूची में लगभग 1.45 करोड़ मतदाता दर्ज थे। इन सभी मतदाताओं को गणना प्रपत्र वितरित किए गए थे। इनमें से लगभग 97 लाख प्रपत्र वापस प्राप्त हुए, जिनके आधार पर प्रारूप मतदाता सूची तैयार की गई।

मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि SIR अभियान की प्रगति की समीक्षा के लिए राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ नियमित बैठकें की जा रही हैं। इन बैठकों में राजनीतिक दलों को मतदाता सूची में पाई गई विसंगतियों तथा नॉन-मैपिंग से जुड़े मामलों के समाधान के लिए उठाए गए कदमों की जानकारी दी जा रही है।

मतदाता सूची में विसंगतियों का अर्थ मतदाताओं के विवरण में पाई जाने वाली त्रुटियों या असंगतियों से है, जबकि नॉन-मैपिंग के मामले उन मतदाताओं से संबंधित हैं जिनके रिकॉर्ड का निर्धारित प्रक्रिया के तहत संबंधित पुराने या अन्य उपलब्ध मतदाता रिकॉर्ड से मिलान नहीं हो पाया है।

इस पुनरीक्षण अभियान का प्रमुख उद्देश्य मतदाता सूची में मौजूद त्रुटियों और विसंगतियों को दूर करना तथा मतदाता रिकॉर्ड की सटीकता में सुधार करना है। शेष मामलों के निपटारे के साथ निर्वाचन अधिकारी दिल्ली की मतदाता सूची को अधिक सटीक और विश्वसनीय बनाने की दिशा में कार्य कर रहे हैं।