तेलंगाना हाईकोर्ट ने EKGE रिटेल के खिलाफ GAAR आदेश रद्द किया

The Rajpatra Law

तेलंगाना हाईकोर्ट ने EKGE रिटेल के खिलाफ आयकर विभाग के GAAR (सामान्य भेदभाव-रोधी नियम) आदेश को रद्द कर दिया है। अदालत ने कहा कि शेयर बाजार में पारदर्शी तरीके से किए गए लेन-देन को केवल इसलिए अवैध नहीं माना जा सकता क्योंकि उससे टैक्स बचत हुई है। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि कंपनी ने धारा 70(2) के तहत जो शॉर्ट-टर्म कैपिटल लॉस सेट-ऑफ किया था, वह कानूनी रूप से सही था। मामले में कंपनी ने स्लंप सेल से हुए लॉन्ग-टर्म कैपिटल गेन के खिलाफ 49.32 करोड़ रुपये का शॉर्ट-टर्म कैपिटल लॉस सेट-ऑफ किया था, जिसे GAAR के तहत अवैध ठहराया गया था। अदालत ने कहा कि टैक्स बचत का परिणाम होना ही यह साबित नहीं करता कि इसका मुख्य उद्देश्य टैक्स बचाना था। यह फैसला करदाताओं के लिए अहम माना जा रहा है, क्योंकि इससे साफ होता है कि वैध निवेश लेन-देन को बिना ठोस सबूत के अवैध नहीं ठहराया जा सकता।